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सुरक्षा परिषद की सूची 1267 पर चीन का विरोध
- 29 Oct 2022
अक्टूबर 2022 में चीन ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) की सूची 1267 में लश्कर-ए-तैयबा (LeT) के शीर्ष नेताओं को नामित करने के लिए भारत-अमेरिका द्वारा लाए गए दो संयुक्त प्रस्तावों पर रोक लगा दी।
- इन नेताओं में तल्हा सईद और लश्कर-ए-तैयबा के उप प्रमुख शाहिद महमूद के नाम शामिल हैं।
महत्वपूर्ण बिंदु
- अवांछित गतिविधियों में शामिल: प्रस्ताव के अनुसार, तल्हा सईद (Talha Saeed) और शाहिद महमूद (Shahid Mehmood) दोनों लश्कर-ए-तैयबा तथा जमात-उद्-दावा के लिए धन जुटाने और आतंकवादियों की भर्ती के लिए वांछित माने जाते हैं।
- oलश्कर-ए-तैयबा समूह 26/11 के मुंबई हमलों और भारत में अन्य आतंकवादी हमलों के लिए जिम्मेदार माना जाता है।
- भारत में प्रतिबंध: उपर्युक्त दोनों संगठनों को केंद्रीय गृह मंत्रालय की 'गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम' [Unlawful Activities (Prevention) Act- UAPA] की आतंकवादी सूची के तहत भारत में आतंकवादी संगठनों के रूप में नामित किया गया है।
1267 संयुक्त राष्ट्र प्रतिबंध समिति
- स्थापना: 1267 समिति 1999 में स्थापित की गई थी (2011 और 2015 में इसे अद्यतन किया गया)।
- सदस्य: समिति में सुरक्षा परिषद के 15 सदस्य होते हैं और यह सर्वसम्मति से निर्णय लेती है।
- प्रावधान: यह संयुक्त राष्ट्र के किसी भी सदस्य देश को अल कायदा और आईएसआईएस से संबद्ध किसी आतंकवादी या आतंकवादी समूह का नाम जोड़ने का प्रस्ताव करने की अनुमति देती है।
- कार्य: वैश्विक स्तर पर आतंकी घटनाओं (विशेष रूप से अल-कायदा और इस्लामिक स्टेट समूह से संबंधित) को रोकने के लिए यह संयुक्त राष्ट्र की सबसे सक्रिय संस्था है।
- प्रतिबंध के प्रभाव: इस समिति के तहत नामित किए जाने वाले आतंकवादियों तथा आतंकी संगठनों के सदस्यों पर धन, हथियार और अपने अधिकार क्षेत्र से बाहर यात्रा करने पर प्रतिबंध होता है।


