पीआईबी न्यूज आर्थिक

ईपीएफओ ने दी चार उप-समितियों के गठन को मंजूरी


कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (ईपीएफओ) का शीर्ष निर्णय लेने वाली संस्था केंद्रीय न्यासी बोर्ड ने चार उप-समितियों के गठन को मंजूरी दी है, जिसमें कर्मचारियों, नियोक्ता पक्ष के साथ-साथ सरकारी पक्ष के प्रतिनिधियों से बोर्ड के सदस्य शामिल हैं।

(Image Source: https://www.epfindia.gov.in/)

महत्वपूर्ण तथ्य: ‘स्थापना से संबंधित मामलों’ और ‘सामाजिक सुरक्षा संहिता के भविष्य के कार्यान्वयन’ पर दो समितियों की अध्यक्षता श्रम और रोजगार राज्य मंत्री रामेश्वर तेली करेंगे।

  • ‘डिजिटल क्षमता निर्माण’ और ‘पेंशन संबंधी मुद्दों’ पर शेष दो समितियों की अध्यक्षता श्रम एवं रोजगार सचिव सुनील बर्थवाल करेंगे।
  • इस आशय का निर्णय केंद्रीय न्यासी बोर्ड की 229वीं बैठक में लिया गया, जो केंद्रीय श्रम और रोजगार मंत्री भूपेंद्र यादव की अध्यक्षता में नई दिल्ली में 20 नवंबर, 2021 को आयोजित की गई।
  • इसके अलावा, बोर्ड ने निवेश के पैटर्न में शामिल सभी परिसंपत्ति वर्गों में निवेश के लिए मामले-दर-मामले आधार पर निवेश विकल्पों पर निर्णय लेने के लिए ‘वित्त निवेश और लेखा परीक्षा समिति’ को सशक्त बनाने का निर्णय लिया।
  • इस अवसर पर 'निर्बाध: आसान सेवा वितरण' (Nirbadh: seamless service delivery) नामक एक पुस्तिका भी जारी की गई। यह पुस्तिका पिछले तीन वर्षों में 'ईपीएफओ से ई-ईपीएफओ' (EPFO to e-EPFO) में सफल डिजिटल परिवर्तन की दिशा में ईपीएफओ द्वारा अपनाई गई पहल और रणनीतियों का संकलन है।

पीआईबी न्यूज राष्ट्रीय

21वीं सदी के लिए प्रायोगिक शिक्षा कार्यक्रम


20 नवंबर, 2021 को जनजातीय मामलों के मंत्रालय और केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) ने संयुक्त रूप से एकलव्य मॉडल आवासीय विद्यालय और सीबीएसई शिक्षकों के लिए '21वीं सदी के लिए प्रायोगिक शिक्षा पर एक ऑनलाइन प्रमाणपत्र पाठ्यक्रम' शुरू किया।

(Image Source: http://cbseacademic.nic.in/)

उद्देश्य: छात्रों के शारीरिक, भावनात्मक और मानसिक कल्याण पर विशेष ध्यान देने के साथ शिक्षकों को बहु-संवेदी शैक्षणिक अनुभवों के प्रति जागरूक और संवेदनशील बनाना तथा शिक्षकों को अपने छात्रों में 21वीं सदी के कौशल और दक्षताओं को विकसित करने में सक्षम बनाना।

महत्वपूर्ण तथ्य: प्रमाणपत्र पाठ्यक्रम राष्ट्रीय शिक्षा नीति के उद्देश्यों को प्राप्त करने के लिए शिक्षकों की क्षमता निर्माण के लिए है।

  • 21वीं सदी के लिए प्रायोगिक शिक्षा कार्यक्रम को शिक्षकों, स्कूल प्रमुखों और प्रधानाध्यापकों के लिए एक ऑनलाइन प्रमाणपत्र पाठ्यक्रम के रूप में परिकल्पित किया गया है ताकि उन्हें कक्षा में सीखने को वास्तविक जीवन के अनुभवों के अनुकूल बनाने में मदद मिल सके।
  • 20 नवंबर से सभी चयनित शिक्षकों और प्राचार्यों को यह कार्यक्रम नि:शुल्क दिया जाएगा।
  • जनजातीय मामलों के मंत्रालय द्वारा चुनिंदा शिक्षकों को "शिक्षक लीडर्स" के रूप में मान्यता दी जाएगी और उन्हें चरणबद्ध तरीके से एकलव्य मॉडल आवासीय विद्यालय के शिक्षण समुदाय के लिए प्रायोगिक शिक्षण अध्यापन में सक्षम बनाया जाएगा।

पीआईबी न्यूज पर्यावरण

कोयला मंत्रालय की सतत विकास पहल


कोयला मंत्रालय प्रतिबद्धता के अनुरूप अब व्यापक सतत विकास योजना के साथ पहले ही आगे बढ़ चुका है।

महत्वपूर्ण तथ्य: खनन के प्रतिकूल प्रभाव को कम करने के लिए सलाह, परामर्श और योजना कार्रवाई हेतु कोयला मंत्रालय में एक पूर्ण विकसित ‘सतत विकास प्रकोष्ठ’ (SDC) की स्थापना की गई है।

  • अब से वर्ष 2030 तक कुल अनुमानित कार्बन उत्सर्जन को एक अरब टन तक कम करने की देश की प्रतिबद्धता के अनुरूप, सभी कोयला कंपनियों द्वारा बड़े पैमाने पर वृक्षारोपण अभियान के माध्यम से खनन की गई भूमि पर ‘जैविक सुधार’ पहले ही बड़े पैमाने पर किये जा चुके हैं।
  • अगले पांच वर्षों में वृक्षारोपण के लिए 12000 हेक्टेयर से अधिक भूमि को कवर करने का लक्ष्य है, जो प्रति वर्ष एक लाख टन से अधिक कार्बन सिंक क्षमता रखने में मदद करेगा।
  • कोयला और लिग्नाइट कंपनियों ने 15,000 करोड़ रुपये से अधिक के निवेश के साथ अतिरिक्त 5560 मेगावाट नवीकरणीय क्षमता स्थापित करने की योजना बनाई है।
  • अकेले कोल इंडिया ने अपने शुद्ध शून्य लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए अगले 5 वर्षों में 3 गीगावाट सौर ऊर्जा स्थापित करने की योजना बनाई है।
  • पर्यावरण प्रदूषण को कम करने के लिए कोयला कंपनियों की ‘फर्स्ट माइल कनेक्टिविटी’ परियोजना सड़क के माध्यम से कोयले की आवाजाही को समाप्त करती है।

सामयिक खबरें राष्ट्रीय

मनरेगा के तहत 2 लाख ग्राम पंचायतों के लिए जीआईएस योजनाओं को पूरा किया


ग्रामीण विकास मंत्रालय ने 2.69 लाख ग्राम पंचायतों में से दो लाख ग्राम पंचायतों के लिए भौगोलिक सूचना प्रणाली (जीआईएस) योजनाओं को पूरा करने के साथ एक महत्वपूर्ण मील के पत्थर हासिल किया है।

महत्वपूर्ण तथ्य: मनरेगा के तहत जीआईएस आधारित योजना, मंत्रालय की एक पहल है, जो ग्राम पंचायत को ग्राम पंचायत स्तर पर योजना बनाने के लिए वैज्ञानिक और समग्र दृष्टिकोण सुनिश्चित करने में मदद करती है।

  • कार्यान्वयन स्तर पर सहभागिता योजना (participatory planning) सुनिश्चित करने के लिए यह एक महत्वपूर्ण साधन है।
  • जीआईएस-आधारित योजना दृष्टिकोण का उपयोग करके मनरेगा के योगदान में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है और इसके प्रभाव जमीनी स्तर पर दिखाई दे रहे हैं।
ग्राम पंचायत स्तर पर गुणवत्तापूर्ण परिसम्पत्तियों का विकास उचित नियोजन और निर्णय लेने के माध्यम से होता रहा है।

संक्षिप्त खबरें सार-संक्षेप निधन

प्रसिद्ध खेल कमेंटेटर नोवी कपाड़िया का निधन


प्रसिद्ध खेल कमेंटेटर और लेखक नोवी कपाड़िया का लंबी बीमारी के बाद 18 नवंबर, 2021 को नई दिल्ली में निधन हो गया। वे 68 वर्ष के थे।

(Image Source: https://twitter.com/IndianFootball/)

  • वे मोटर न्यूरॉन बीमारी से पीड़ित थे; मोटर न्यूरॉन दुर्लभ स्थिति है, जिसके कारण रीढ़ और मस्तिष्क की नसें समय के साथ काम करना बंद कर देती हैं।
  • कपाड़िया, को व्यापक रूप से 'भारतीय फुटबॉल की आवाज' (voice of Indian football) के रूप में जाना जाता था।
  • कपाड़िया ने अपने प्रशंसकों के लिए भारतीय फुटबॉल के इतिहास पर एक शानदार पुस्तक 'बेयरफुट टू बूट्स: द मेनी लाइव्ज ऑफ इंडियन फुटबॉल' (Barefoot to Boots: The Many Lives of Indian Football) का लेखन किया था।
  • फुटबॉल के विश्वकोश, कपाड़िया ने ओलंपिक, एशियाई खेलों और राष्ट्रमंडल खेलों के अलावा नौ फीफा विश्व कप को कवर करने का गौरव हासिल किया था।

संक्षिप्त खबरें सार-संक्षेप नियुक्ति

केकेआर ने के.वी. कामथ को वरिष्ठ सलाहकार नियुक्त किया


वैश्विक निवेश फर्म केकेआर ने 9 नवंबर, 2021 को तत्काल प्रभाव से के.वी. कामथ को 'केकेआर इंडिया' के वरिष्ठ सलाहकार के रूप में नियुक्त किया है।

(Image Source: https://odishabytes.com/)

  • कामथ को बड़े भारतीय व्यवसायों के निर्माण और नेतृत्व करने का पांच दशकों से अधिक का अनुभव है।
  • वे 2015 से 2020 तक ब्रिक्स देशों द्वारा स्थापित एक बहुपक्षीय विकास बैंक 'न्यू डेवलपमेंट बैंक' के पहले अध्यक्ष थे। न्यू डेवलपमेंट बैंक की स्थापना 2015 में की गई थी। इससे पहले, वे आईसीआईसीआई बैंक और इंफोसिस लिमिटेड के अध्यक्ष थे।

संक्षिप्त खबरें सार-संक्षेप चर्चित दिवस

राष्ट्रीय प्रेस दिवस (16 नवंबर)


महत्वपूर्ण तथ्य: एक स्वतंत्र और उत्तरदायी प्रेस के उपलक्ष्य में हर साल 16 नवंबर को राष्ट्रीय प्रेस दिवस मनाया जाता है। इसी दिन (16 नवंबर, 1966) भारतीय प्रेस परिषद ने कार्य करना शुरू किया।

  • भारतीय प्रेस परिषद की स्थापना 4 जुलाई, 1966 को प्रेस के उच्च मानदंड बनाए रखने और उसे बाहरी पाबंदियों, दबावों और खतरों से बचाने के उद्देश्य से की गई थी।

संक्षिप्त खबरें संस्थान-संगठन

राष्ट्रीय मस्तिष्क अनुसंधान केंद्र


केन्द्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने 19 नवंबर, 2021 को हरियाणा के मानेसर स्थित 'राष्ट्रीय मस्तिष्क अनुसंधान केंद्र' (National Brain Research Centre: NBRC) में विश्व की सबसे जटिल और अपनी तरह की पहली एमआरआई सुविधा का उद्घाटन किया। इसके साथ ही भारत 3-टी एमआरआई (3-T MRI) की सशक्त कार्य क्षमता के उत्कृष्ट प्रदर्शन के साथ मानव तंत्रिका विज्ञान के क्षेत्र में विश्व के अग्रणी देशों में भी शामिल हो गया है।

(Image Source: http://www.nbrc.ac.in/)

  • मानेसर, हरियाणा में स्थित, NBRC बुनियादी और बहु-विषयक दृष्टिकोणों का उपयोग करते हुए स्वास्थ्य और रोग ग्रसित अवस्था में मस्तिष्क की कार्यप्रणाली का अध्ययन करने के लिए समर्पित भारत सरकार के जैव प्रौद्योगिकी विभाग द्वारा वित्त पोषित एक स्वायत्त संस्थान है, और एक डीम्ड-टू-बी विश्वविद्यालय (Deemed-to-be University) भी है।
  • भारत सरकार ने NBRC को उत्कृष्टता संस्थान के रूप में मान्यता दी है।
  • राष्ट्रीय मस्तिष्क अनुसंधान केंद्र (NBRC) की स्थापना वर्ष 1999 में सोसायटी पंजीकरण अधिनियम 1860 के तहत एक स्वायत्त संस्थान के रूप में की गई थी। मस्तिष्क अनुसंधान में संलग्न NBRC को डीम्ड विश्वविद्यालय का दर्जा प्राप्त है।
  • NBRC में अनुसंधान को पांच प्रभागों में वर्गीकृत किया गया है। यह प्रभाग हैं- सेलुलर और मॉलीक्यूलर, सिस्टम, संज्ञानात्मक, कम्प्यूटेशनल और ट्रांसलेशनल

राज्य समाचार आंध्र प्रदेश

विजयवाड़ा ने देश के सबसे स्वच्छ शहर में तीसरा स्थान हासिल किया


विजयवाड़ा ने स्वच्छ सर्वेक्षण 2021 में ‘10 लाख से अधिक आबादी वाले शहरों’ में देश के सबसे स्वच्छ शहर में तीसरा स्थान हासिल किया है और पांच सितारा रेटिंग के साथ "कचरा मुक्त शहर" का टैग भी प्राप्त किया है।

(Image Source: https://thehindu.com)

  • पांच सितारा रेटिंग प्राप्त करने वाला विजयवाड़ा आंध्र प्रदेश का एकमात्र शहर है।
  • विजयवाड़ा को "वाटर प्लस सिटीज" (Water Plus Cities) श्रेणी में भी सूचीबद्ध किया गया है।
  • कचरे के पृथक्करण, प्रसंस्करण और गीले कचरे और सूखे कचरे के पुनर्चक्रण, निर्माण और विध्वंस कचरे के प्रसंस्करण, लैंडफिल प्रबंधन और शहर की समग्र स्वच्छता सहित विभिन्न प्रथाओं के लिए स्वर्ण श्रेणी में ‘प्रेरक दौर सम्मान पुरस्कार’ (Prerak Dauur Samman Award) प्राप्त किया।
  • स्वच्छ सर्वेक्षण 2021 में ‘1 लाख से अधिक आबादी वाले शीर्ष 25 शहरों’ में भी विजयवाड़ा तीसरे स्थान पर है।
  • स्वच्छ सर्वेक्षण 2021 में ‘100 से अधिक शहरी स्थानीय निकायों’ की श्रेणी में आंध्र प्रदेश देश में पांचवें और दक्षिणी राज्यों में पहले स्थान पर है।
  • विजयवाड़ा शहर स्वच्छ सर्वेक्षण 2020 में ‘10 लाख से अधिक आबादी वाले शहरों’ में चौथे स्थान पर था तथा ‘1 लाख से अधिक आबादी वाले शीर्ष 25 शहरों’ में छठे स्थान पर था।

राज्य समाचार तमिलनाडु

तमिलनाडु सार्वजनिक स्वास्थ्य अधिनियम 1939


तमिलनाडु सरकार ने 20 नवंबर, 2021 को संक्रमित व्यक्तियों से अन्य व्यक्तियों में संक्रमण के प्रसार को रोकने के लिए तमिलनाडु सार्वजनिक स्वास्थ्य अधिनियम, 1939 को अधिसूचित और लागू किया है।

  • राज्य सरकार ने अधिनियम की धारा 71 उप-धारा (1) के तहत अधिसूचित सभी स्थानों पर यह सुनिश्चित करने के लिए अधिनियम को अधिसूचित किया कि सार्वजनिक स्थान पर जाने वाले प्रत्येक व्यक्ति को कोविड-19 टीका लगाया जाना चाहिए।
  • अधिसूचना के अनुसार, प्रत्येक नागरिक को शारीरिक दूरी बनाए रखने, चेहरे पर मास्क पहनने, हाथ धोने, भीड़-भाड़ से दूर रहने जैसे उचित व्यवहार का पालन करना होगा।