भारत को 2028-29 तक शीर्ष रेशम उत्पादक बनाने का लक्ष्य
- 21 Sep 2026
20 सितंबर, 2026 को बेंगलुरु में केंद्रीय रेशम बोर्ड (CSB) के 77वें स्थापना दिवस समारोह पर केंद्रीय वस्त्र मंत्री गिरिराज सिंह ने भारत को 2028-29 तक विश्व में रेशम उत्पादन में प्रथम स्थान पर पहुंचाने का लक्ष्य व्यक्त किया। वर्तमान में भारत चीन के बाद विश्व का दूसरा सबसे बड़ा रेशम उत्पादक है।
मुख्य बिंदु
- उत्पादन लक्ष्य: भारत का रेशम उत्पादन वर्ष 2014 के लगभग 26,000 मीट्रिक टन से बढ़कर करीब 42,000 मीट्रिक टन हो गया है तथा 2030-31 तक 60,000 मीट्रिक टन उत्पादन का लक्ष्य रखा गया है।
- वैश्विक स्थिति: वस्त्र मंत्रालय के नवीनतम उपलब्ध आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार भारत विश्व का दूसरा सबसे बड़ा रेशम उत्पादक है। वर्ष 2024-25 में देश का उत्पादन 41,121 मीट्रिक टन था।
- कर्नाटक अग्रणी: देश में रेशम उत्पादन में कर्नाटक प्रथम स्थान पर है। आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार 2023-24 में राज्य ने 12,463 मीट्रिक टन कच्चे रेशम का उत्पादन किया, जो राष्ट्रीय उत्पादन का लगभग 32% था।
- तकनीकी उपयोग: उत्पादन और गुणवत्ता बढ़ाने के लिए उच्च उपज वाले रेशमकीट संकरों के साथ कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI), भौगोलिक सूचना प्रणाली (GIS) और मशीन लर्निंग के उपयोग पर जोर दिया जा रहा है।
- किसान प्रोत्साहन: रेशम किसानों के बीच प्रतिस्पर्धा बढ़ाने के लिए जिला, राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर ‘सर्वश्रेष्ठ रेशम किसान’ पुरस्कार आयोजित करने का आह्वान किया गया।
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