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RDI योजना में उन्नत रसायन एवं पेट्रोकेमिकल क्षेत्र शामिल
- 16 Oct 2026
केंद्र सरकार ने 8 अक्टूबर, 2026 से उन्नत रसायन, पेट्रोकेमिकल और सामग्री प्रौद्योगिकी को ₹1 लाख करोड़ की अनुसंधान, विकास एवं नवाचार (RDI) योजना में शामिल किया।
मुख्य तथ्य
- संबंधित विभाग: रसायन एवं पेट्रोकेमिकल विभाग (DCPC) के प्रस्ताव पर विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग (DST) ने यह निर्णय लिया।
- नया प्रौद्योगिकी क्षेत्र: उन्नत रसायन, पेट्रोकेमिकल और सामग्री प्रौद्योगिकी से संबंधित परियोजनाएँ अब RDI योजना के अंतर्गत वित्तीय सहायता की पात्र होंगी।
- योजना की शुरुआत: RDI योजना को 1 जुलाई, 2025 को केंद्रीय मंत्रिमंडल की मंजूरी मिली तथा नवंबर 2025 में इसका शुभारंभ हुआ।
- कुल कोष: योजना के लिए ₹1 लाख करोड़ निर्धारित हैं। इसका उद्देश्य निजी क्षेत्र में अनुसंधान, विकास और नवाचार (R&D) को बढ़ावा देना है।
- वित्तीय सहायता: योजना के अंतर्गत उन्नत तकनीकी परियोजनाओं के लिए अनुकूल शर्तों पर दीर्घकालीन ऋण एवं पुनर्वित्त की व्यवस्था है।
- औद्योगिक लाभ: रसायन, पेट्रोकेमिकल उत्पादों और पॉलिमर के निर्माण में स्वदेशी, उन्नत एवं किफायती तकनीकों को बढ़ावा मिलेगा।
- प्रमुख उद्देश्य: आयातित तकनीकों पर निर्भरता कम करना, घरेलू विनिर्माण मजबूत करना और महत्त्वपूर्ण प्रौद्योगिकियों में आत्मनिर्भरता बढ़ाना।


