संसद ने आंध्र की राजधानी के रूप में अमरावती को दी मंज़ूरी
- 04 Apr 2026
2 अप्रैल, 2026 को संसद ने आंध्र प्रदेश पुनर्गठन (संशोधन) विधेयक, 2026 पारित किया, जिसके तहत अमरावती को आंध्र प्रदेश की स्थायी राजधानी के रूप में वैधानिक दर्जा (statutory status) प्रदान किया गया है।
मुख्य बिंदु
- विधायी मंज़ूरी:
- लोक सभा और राज्य सभा दोनों द्वारा पारित।
- यह आंध्र प्रदेश पुनर्गठन अधिनियम, 2014 में संशोधन करता है।
- राजधानी का दर्जा:
- अमरावती को एकमात्र और स्थायी राजधानी के रूप में नामित किया गया है।
- यह कानूनी और संवैधानिक स्पष्टता प्रदान करता है।
- पृष्ठभूमि:
- 2014 में राज्य के विभाजन के बाद से राजधानी का मुद्दा अनसुलझा था।
- आंध्र प्रदेश विधानसभा ने 28 मार्च, 2026 को अमरावती के समर्थन में एक प्रस्ताव पारित किया था।
- महत्व:
- राज्य की राजधानी को लेकर लंबे समय से चली आ रही अनिश्चितता समाप्त होगी।
- प्रशासनिक स्पष्टता और सुशासन को मजबूती मिलेगी।
- आंध्र प्रदेश के आर्थिक विकास और प्रगति को समर्थन मिलेगा।
- इससे विकास और शासन प्रणाली (Governance) में तेजी आने की उम्मीद है।
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