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ग्रामीण महिलाओं के लिए स्वयं सहायता समूह (SHG) बचत खाता
- 02 May 2026
30 अप्रैल, 2026 को इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक (IPPB) ने ग्रामीण भारत में वित्तीय समावेशन को सुदृढ़ करने तथा महिला-नेतृत्व वाले समूहों के सशक्तीकरण के उद्देश्य से एक समर्पित ‘स्वयं सहायता समूह बचत खाता’ (SHG Savings Account) लॉन्च किया।
मुख्य बिंदु
- यह खाताशून्य बैलेंस, शून्य शुल्क तथा न्यूनतम जमा राशि की आवश्यकता रहित है।
- इसका उद्देश्य स्वयं सहायता समूहों को औपचारिक बैंकिंग प्रणाली से अधिक प्रभावी रूप से जोड़ना है।
- इसकी प्रमुख विशेषताओं में 2 लाख रुपये की अधिकतम शेष राशि सीमा, त्रैमासिक ब्याज भुगतान तथा निःशुल्क बुनियादी बैंकिंग सेवाएँ शामिल हैं।
- आईपीपीबी अपने व्यापक डाक नेटवर्क तथा डोरस्टेप बैंकिंग मॉडल के माध्यम से इस सुविधा का विस्तार करेगा।
- डिजिटल ऑनबोर्डिंग तथा बायोमेट्रिक-आधारित बैंकिंग को भी इसमें शामिल किया गया है, जिससे पहुंच और सरल हो सके।
- यह पहल स्वयं सहायता समूहों, राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (NRLM) तथा नाबार्ड समर्थित कार्यक्रमों से जुड़े ग्रामीण आजीविका तंत्र को सशक्त बनाने में सहायक होगी।
- इस योजना से ग्रामीण महिलाओं की आर्थिक भागीदारी तथा वित्तीय सशक्तीकरण में वृद्धि की अपेक्षा है।
- उल्लेखनीय है कि आईपीपीबी की स्थापना 2018 में डाक विभाग के अंतर्गत की गई थी, जिसका मुख्य उद्देश्य वंचित वर्गों के लिए समावेशी बैंकिंग सेवाएँ उपलब्ध कराना है।


