कॉर्बेट नेशनल पार्क


केंद्रीय पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन राज्य मंत्री अश्विनी कुमार चौबे ने कॉर्बेट नेशनल पार्क का नाम बदलकर रामगंगा नेशनल पार्क करने का प्रस्ताव रखा है।

महत्वपूर्ण तथ्य: हिमालय की तलहटी में स्थित कॉर्बेट नेशनल पार्क (कॉर्बेट राष्ट्रीय उद्यान) 520.86 वर्ग किमी. के क्षेत्र में फैला हुआ है। यह नैनीताल जिले के रामनगर के पास स्थित है।

  • यह कॉर्बेट टाइगर रिजर्व का हिस्सा है। टाइगर रिजर्व का कुल क्षेत्रफल 1288.31 वर्ग किमी. है, जो उत्तराखंड के तीन जिलों पौड़ी गढ़वाल, नैनीताल और अल्मोड़ा में फैला हुआ है।
  • 1936 में भारत और एशिया के पहले राष्ट्रीय उद्यान के रूप में स्थापित इस उद्यान को संयुक्त प्रांत के गवर्नर सर मैलकम हैली के नाम पर ‘हेली नेशनल पार्क’ के नाम से जाता था।
  • बाद मे इसका नाम बदलकर उद्यान से बहकर जाने वाली नदी रामगंगा के नाम पर 'रामगंगा राष्ट्रीय उद्यान' कर दिया गया था। 1957 में इसका नाम महान प्रकृतिवादी, प्रख्यात संरक्षणवादी दिवंगत जिम कॉर्बेट की स्मृति में ‘कॉर्बेट नेशनल पार्क’ कर दिया गया था।
  • जिम कॉर्बेट को आदमखोरों बाघों के शिकारी, एक प्रकृतिवादी और लेखक के रूप में जाना जाता है, उन्होंने इस उद्यान की स्थापना में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी।
  • 301 वर्ग किमी. में फैले सोननादी वन्यजीव अभयारण्य के साथ यह राष्ट्रीय उद्यान मिलकर कॉर्बेट टाइगर रिजर्व का महत्वपूर्ण बाघ पर्यावास स्थल बनाता है।