सीएसआईआर फ्लोरीकल्चर (पुष्पकृषि) मिशन

इस मिशन को वित्तीय वर्ष 2020-2021 से सीएसआईआर की घटक प्रयोगशालाओं सीएसआईआर-राष्ट्रीय वनस्पति अनुसंधान संस्थान, लखनऊ; सीएसआईआर-हिमालयी जैव-सम्पदा प्रौद्योगिकी संस्थान, पालमपुर; सीएसआईआर-पूर्वोत्तर विज्ञान और प्रौद्योगिकी संस्थान, जोरहाट; सीएसआईआर-केंद्रीय खाद्य प्रौद्योगिकी अनुसंधान संस्थान, मैसूर और सीएसआईआर-भारतीय एकीकृत चिकित्सा संस्थान, जम्मू द्वारा कार्यान्वयन के लिए अनुमोदित किया गया है।

  • भारत में विविध कृषि-जलवायु और मृदीय परिस्थितियां और समृद्ध पादप विविधता है, तथापि वैश्विक पुष्पकृषि बाजार में इसका केवल 0.6% हिस्सा है।
  • भारत द्वारा हर साल विभिन्न देशों से कम से कम 1200 मिलियन डॉलर मूल्य के फूलों की खेती के (फ्लोरीकल्चर) उत्पादों का आयात किया जा रहा है।
  • फ्लोरीकल्चर में नर्सरी पालन, फूलों की खेती और उद्यमिता विकास के माध्यम से बड़ी संख्या में लोगों को रोजगार प्रदान करने की क्षमता है।

Source : सिविल सर्विसेज क्रॉनिकल ऑनलाइन. अगस्त 2021