मैंग्रोव पुनर्स्थापन में MISHTI योजना के तहत दूसरा स्थान

  • 28 Jul 2026

26 जुलाई, 2026 को आंध्र प्रदेश ने मैंग्रोव पुनर्स्थापन एवं तटीय पारिस्थितिक तंत्र के संरक्षण में उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए केंद्र सरकार की ‘मिष्टी’ (MISHTI–Mangrove Initiative for Shoreline Habitats and Tangible Incomes) योजना के अंतर्गत भारतीय राज्यों में दूसरा स्थान प्राप्त किया।

  • वर्ष 2025–26 के दौरान राज्य में 18.04 करोड़ रुपये के निवेश से 2,047.70 हेक्टेयर क्षेत्र में मैंग्रोव पौधारोपण किया गया।
  • यह पुनर्स्थापन कार्य राज्य की ग्रेट ग्रीन वॉल ऑफ आंध्र प्रदेश पहल के अंतर्गत किया जा रहा है।
  • वन विभाग ने फिश बोन तकनीक (Fish Bone Technique) अपनाई है, जो ज्वारीय जल के प्रवाह में सुधार, मैंग्रोव पौधों के जीवित रहने की क्षमता बढ़ाने तथा पारिस्थितिकीय लचीलापन सुदृढ़ करने में सहायक है।
  • वर्ष 2026–27 के लिए राज्य ने 1,618 हेक्टेयर मैंग्रोव पारिस्थितिक तंत्र के पुनर्स्थापन का लक्ष्य निर्धारित किया है।
  • पिछले 2 वर्षों में ग्रेट ग्रीन वॉल ऑफ आंध्र प्रदेश पहल के अंतर्गत लगभग 7,000 एकड़ मैंग्रोव क्षेत्र का पुनर्स्थापन किया जा चुका है।