ग्वालियर और ओरछा यूनेस्को विश्व विरासत शहर सूची में


दिसंबर 2020 में मध्य प्रदेश के ग्वालियर और ओरछा को यूनेस्को द्वारा विश्व विरासत शहर की सूची में शामिल किया गया है।

  • इस सूची में शामिल होने के बाद, यूनेस्को राज्य के पर्यटन विभाग के साथ मिलकर ग्वालियर और ओरछा के पुरातात्विक और ऐतिहासिक स्मारकों को संरक्षित और परिष्कृत करने का काम करेगा।

ग्वालियर: 9वीं शताब्दी में स्थापित ग्वालियर गुर्जर प्रतिहार राजवंश, तोमर, बघेल कच्छवाहो और सिंधिया द्वारा शासित रहा। उनके द्वारा बनाए गए स्मारक, किले और महल यहाँ बहुतायत में पाए जाते हैं।

  • ग्वालियर अपने महलों और मंदिरों के लिए जाना जाता है, जिसमें जटिल नक्काशीदार 'सास बहू का मंदिर' भी शामिल है।

ओरछा: मध्य प्रदेश के बुंदेलखंड क्षेत्र में स्थित ओरछा अपने मंदिरों और महलों के लिए दुनिया भर में प्रसिद्ध है। ओरछा पूर्ववर्ती बुंदेल राजवंश की 16वीं शताब्दी की राजधानी थी।

  • कई मंदिर और महल यहां स्थित हैं। जैसे ओरछा राज महल, जहाँगीर महल, रामराजा मंदिर, राय प्रवीण महल आदि।