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भारत का शहद निर्यात


5 जनवरी, 2021 को वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय के अनुसार गुणवत्तापूर्ण उत्पादन और नए देशों में बाजार विस्तार सुनिश्चित करने के माध्यम से कृषि और प्रसंस्कृत खाद्य उत्पाद निर्यात विकास प्राधिकरण (एपीडा) शहद निर्यात को बढ़ावा देने पर जोर दे रहा है।

(Image Source: https://www.thehindubusinessline.com/)

महत्वपूर्ण तथ्य: एपीडा की यह पहल मधुमक्खी पालन और संबद्ध गतिविधियों को बढ़ावा देने के माध्यम से शहद की निर्यात क्षमता का दोहन करने की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की 'मीठी क्रांति' के दृष्टिकोण के अनुरूप है।

  • वर्तमान में, भारत का प्राकृतिक शहद निर्यात मुख्य रूप से एक बाजार ‘संयुक्त राज्य अमेरिका’ पर निर्भर है, जिसकी निर्यात में 80% से अधिक की हिस्सेदारी है।
  • भारत ने 2020-21 के दौरान 716 करोड़ रुपए के 59,999 मीट्रिक टन (MT) प्राकृतिक शहद का निर्यात किया है, जिसमें संयुक्त राज्य अमेरिका को 44,881 मीट्रिक टन शहद निर्यात किया गया है।
  • भारतीय शहद के निर्यात के लिए सऊदी अरब, संयुक्त अरब अमीरात, बांग्लादेश और कनाडा अन्य शीर्ष देश थे।
  • 2020 में निर्यात किया गया वैश्विक शहद 736,266.02 मीट्रिक टन है। शहद उत्पादक और निर्यातक देशों में भारत का विश्व में क्रमशः 8वां और 9वां स्थान है।

राष्ट्रीय मधुमक्खी पालन और शहद मिशन: भारत सरकार ने राष्ट्रीय मधुमक्खी पालन और शहद मिशन (NBHM) के लिए तीन साल (2020-21 से 2022-23) के लिए 500 करोड़ रुपये के आवंटन को मंजूरी दी। मिशन की घोषणा फरवरी 2021 में आत्मनिर्भर भारत पहल के हिस्से के रूप में की गई थी। NBHM को 'राष्ट्रीय मधुमक्खी बोर्ड' के माध्यम से लागू किया जा रहा है।