केंद्रीय मोटर वाहन (द्वितीय संशोधन) नियम, 2026

  • 21 Jan 2026

20 जनवरी, 2026 को, भारत सरकार ने केंद्रीय मोटर वाहन (द्वितीय संशोधन) नियम, 2026 को अधिसूचित किया, जिसके माध्यम से राष्ट्रीय राजमार्गों पर उपयोगकर्ता शुल्क (टोल) भुगतान के अनुपालन को सुदृढ़ किया गया है।

मुख्य बिंदु

  • संशोधन का उद्देश्य: उपयोगकर्ता शुल्क अनुपालन में सुधार, इलेक्ट्रॉनिक टोल संग्रह (ETC) प्रणाली की दक्षता बढ़ाना और टोल चोरी को हतोत्साहित करना।
  • ‘बकाया उपयोगकर्ता शुल्क’ (Unpaid User Fee) की परिभाषा: ETC प्रणाली द्वारा दर्ज टोल शुल्क, जो वाहन की आवाजाही पर दर्ज हुआ लेकिन राष्ट्रीय राजमार्ग अधिनियम, 1956 के अनुसार प्राप्त नहीं हुआ।
  • अनापत्ति प्रमाणपत्र (NOC): स्वामित्व हस्तांतरण या अंतर-राज्यीय वाहन स्थानांतरण हेतु NOC तभी मिलेगा जब सभी बकाया टोल शुल्क चुकाए गए हों।
  • फिटनेस प्रमाणपत्र: यदि टोल बकाया है तो फिटनेस प्रमाणपत्र का नवीनीकरण या निर्गमन नहीं होगा।
  • वाणिज्यिक वाहनों के लिए राष्ट्रीय परमिट: राष्ट्रीय परमिट पाने के लिए कोई भी बकाया उपयोगकर्ता शुल्क लंबित नहीं होना चाहिए।
  • फॉर्म 28 में परिवर्तन: NOC आवेदन फॉर्म में टोल प्लाज़ा पर लंबित बकाया शुल्क का विवरण देना अनिवार्य होगा।
  • डिजिटल सुविधा: फॉर्म 28 के प्रासंगिक हिस्सों का ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से इलेक्ट्रॉनिक निर्गमन, जिससे काग़ज़-रहित प्रक्रिया को बढ़ावा मिलेगा।
  • MLFF प्रणाली का समर्थन: यह संशोधन मल्टी-लेन फ़्री फ़्लो (MLFF) प्रणाली के अंतर्गत बाधारहित टोलिंग को सक्षम बनाएगा।