भारत–फ्रांस विशेष वैश्विक रणनीतिक साझेदारी

  • 18 Feb 2026

17 फरवरी, 2026 को भारत और फ्रांस ने अपने द्विपक्षीय संबंधों को ‘विशेष वैश्विक रणनीतिक साझेदारी’ (Special Global Strategic Partnership) के स्तर तक उन्नत करने का निर्णय लिया।

  • इस अवसर पर रक्षा, प्रौद्योगिकी, नवाचार, स्वास्थ्य और आर्थिक सहयोग सहित विभिन्न क्षेत्रों में 21 समझौतों एवं सहमतियों की घोषणा की गई।

प्रमुख बिंदु

  • रक्षा संबंधों में गहराई: उन्नत साझेदारी में रक्षा सहयोग केंद्रीय स्तंभ के रूप में उभरा। बेंगलुरु में आयोजित छठे भारत–फ्रांस वार्षिक रक्षा संवाद के दौरान दोनों देशों ने रक्षा सहयोग समझौते को अगले 10 वर्षों के लिए नवीनीकृत किया।
  • द्विपक्षीय संबंधों का विस्तार: यह उन्नयन वर्ष 1998 में आरंभ हुई भारत–फ्रांस रणनीतिक साझेदारी और 2023 में अपनाए गए ‘होराइजन 2047 रोडमैप’ पर आधारित है।
  • विदेश मंत्रियों का व्यापक वार्षिक संवाद: दोनों पक्षों ने उन्नत ढांचे के अंतर्गत प्रगति की समीक्षा, आर्थिक सुरक्षा, वैश्विक मुद्दों और जन-से-जन संबंधों के समन्वय हेतु विदेश मंत्रियों के वार्षिक व्यापक संवाद की स्थापना पर सहमति जताई।
  • नवाचार सहयोग पहल: ‘भारत–फ्रांस नवाचार वर्ष’ प्रारंभ करने तथा अनुसंधान, स्टार्टअप और प्रौद्योगिकी पारितंत्र में सहयोग को सुदृढ़ करने के लिए ‘भारत–फ्रांस नवाचार नेटवर्क’ स्थापित करने का निर्णय लिया गया।
  • रक्षा एवं सुरक्षा सहयोग: कर्नाटक के वेमगल में एयरबस H125 हेलीकॉप्टर की अंतिम असेंबली लाइन का वर्चुअल उद्घाटन इस यात्रा का प्रमुख आकर्षण रहा।
  • सैन्य सहभागिता का विस्तार: भारतीय थल सेना और फ्रांसीसी थल सेना के प्रतिष्ठानों के बीच अधिकारियों की पारस्परिक तैनाती पर सहमति बनी, जिससे परिचालन सहयोग और अधिक मजबूत होगा।
  • उन्नत प्रौद्योगिकी सहयोग: एक संयुक्त उन्नत प्रौद्योगिकी विकास समूह गठित किया जाएगा। साथ ही, महत्त्वपूर्ण खनिजों और धातुओं पर सहयोग हेतु संयुक्त आशय घोषणा जारी की गई।
  • वैज्ञानिक एवं अनुसंधान साझेदारी: उन्नत सामग्री, डिजिटल विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी तथा मेटाबोलिक स्वास्थ्य विज्ञान के केंद्र स्थापित करने के लिए आशय पत्रों का आदान-प्रदान हुआ। इसके अतिरिक्त, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग (DST) और CNRS के बीच वैज्ञानिक सहयोग हेतु समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए गए।
  • स्टार्टअप एवं नवाचार पारितंत्र: टी-हब और नॉर्ड फ़्रांस के बीच आशय पत्र पर हस्ताक्षर कर स्टार्टअप, नवाचार और उभरती प्रौद्योगिकियों में रणनीतिक सहयोग को बढ़ावा देने पर सहमति बनी।
  • कर एवं आर्थिक सहयोग: दोनों देशों ने दोहरे कराधान परिहार समझौते के प्रोटोकॉल में संशोधन करने पर सहमति व्यक्त की, जिससे आर्थिक सहभागिता और वित्तीय सहयोग को प्रोत्साहन मिलेगा।