‘रिफॉर्म एक्सप्रेस’ पहल के तहत रेलवे के 5 नए सुधार

  • 25 Mar 2026

24 मार्च, 2026 को केंद्रीय रेल मंत्री ने रिफॉर्म एक्सप्रेस पहल के तहत 5 नए सुधारों की घोषणा की। इसके साथ ही वर्ष 2026 में कुल सुधारों की संख्या 9 हो गई है। इनका मुख्य उद्देश्य माल ढुलाई दक्षता, बुनियादी ढांचे की गुणवत्ता और यात्री सेवाओं में सुधार करना है।

  • नमक परिवहन सुधार:
    • नई प्रणाली: स्टेनलेस स्टील कंटेनर-आधारित प्रणाली की शुरुआत।
    • विशेषताएँ: इसमें ‘टॉप-लोडिंग’ और ‘हाइड्रोलिक साइड-डिस्चार्ज’ की सुविधा होगी।
    • लाभ: यह जंग (Corrosion), लीकेज और हैंडलिंग के दौरान होने वाले नुकसान को कम करेगा तथा मल्टीमॉडल परिवहन दक्षता को बढ़ाएगा।
  • ऑटोमोबाइल लॉजिस्टिक्स को बढ़ावा:
    • डिजाइन: मार्ग की बाधाओं (Route constraints) के आधार पर लोचशील वैगन डिजाइन तैयार किए जाएंगे।
    • लक्ष्य: क्षमता के उपयोग और रेलवे की हिस्सेदारी (वर्तमान में ~24%) में सुधार करना।
  • बुनियादी ढांचे की गुणवत्ता के उपाय:
    • नियम: ठेकेदारों की पात्रता के लिए कड़े मानक निर्धारित किए गए हैं।
    • सुरक्षा: परियोजना लागत का 2% ‘फिक्स्ड बिड सिक्योरिटी’ के रूप में तय किया गया है।
    • पारदर्शिता: बड़ी परियोजनाओं के लिए अनिवार्य ‘बिड कैपेसिटी’ की जाँच, उप-ठेके (Sub-contracting) पर प्रतिबंध और ‘प्रीडेटरी बिडिंग’ (अत्यधिक कम बोली) के खिलाफ सुरक्षा उपाय किए गए हैं।
  • यात्री सुविधा और सुरक्षा सुधार:
    • सत्यापन: टिकट बुकिंग के लिए आधार-आधारित OTP सत्यापन अनिवार्य होगा।
    • लगभग 3 करोड़ फर्जी IRCTC खातों को हटाया गया है।
    • AI तकनीक: धोखाधड़ी वाली बुकिंग का पता लगाने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का उपयोग किया जाएगा।
  • टिकटिंग और लचीलापन:
    • रद्द करने की समय-सीमा: संशोधन के बाद अब 72, 24 और 8 घंटे की समय-सीमा होगी।
    • सुविधा: काउंटर टिकट किसी भी स्टेशन पर रद्द किए जा सकेंगे। ई-टिकट के लिए ऑटोमैटिक रिफंड (TDR की आवश्यकता नहीं) मिलेगा।
    • लचीलापन: यात्रा श्रेणी (Class) में अपग्रेड और बोर्डिंग स्टेशन में बदलाव प्रस्थान से 30 मिनट पहले तक संभव होगा।