संदिग्ध विदेशी धन प्रेषण की राष्ट्रव्यापी जाँच
- 19 Aug 2026
19 अगस्त, 2026 को केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (CBDT) ने बताया कि आयकर विभाग ने संदिग्ध विदेशी धन प्रेषण की राष्ट्रव्यापी सत्यापन प्रक्रिया शुरू की है। यह कार्रवाई उन संस्थाओं की पहचान के बाद की गई, जिन्होंने कथित रूप से बहुत कम या शून्य कारोबार की सूचना देने के बावजूद बड़ी मात्रा में विदेशी मुद्रा विदेश भेजी।
मुख्य बिंदु
- आँकड़ों का विश्लेषण: यह प्रक्रिया पिछले तीन वर्षों के विदेशी धन प्रेषण संबंधी आँकड़ों एवं जमीनी खुफिया जानकारी के विश्लेषण के बाद शुरू की गई।
- संदिग्ध संस्थाएँ: कई संस्थाओं ने कथित रूप से बहुत कम कारोबार दिखाने या आयकर रिटर्न दाखिल न करने के बावजूद बड़ी मात्रा में धन विदेश भेजा।
- संदिग्ध भुगतान: इन धन प्रेषणों को कथित तौर पर माल ढुलाई, सॉफ्टवेयर आयात एवं परामर्श सेवाओं के भुगतान के रूप में दर्शाया गया।
- पते का सत्यापन: जमीनी स्तर पर प्राप्त जानकारी से पता चला कि कुछ संस्थाएँ कथित रूप से अपने घोषित पतों से संचालित नहीं हो रही थीं।
- शेल संस्थाएँ: यह प्रक्रिया संदिग्ध शेल संस्थाओं, उनके संचालकों तथा विदेशी धन प्रेषण को प्रमाणित करने वाले पेशेवरों पर केंद्रित है।
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