खसरा वायरस को निष्क्रिय करने वाले एंटीबॉडी की खोज

  • 09 May 2026

मई 2026 में वैज्ञानिकों ने ऐसी मानव एंटीबॉडी की पहचान की है, जो खसरे (Measles) के वायरस को निष्क्रिय करने में सक्षम हैं। यह खोज भविष्य में खसरे की रोकथाम और उपचार हेतु नई चिकित्सीय संभावनाओं का मार्ग प्रशस्त कर सकती है।

मुख्य बिंदु

  • प्रमुख खोज:
    • मानव एंटीबॉडी खसरा वायरस के संक्रमण को अवरुद्ध करने में सक्षम पाई गईं।
    • ये एंटीबॉडी वायरस के महत्त्वपूर्ण स्थलों से जुड़ जाती हैं।
  • कार्यविधि:
    • एंटीबॉडी खसरा वायरस के फ्यूजन प्रोटीन तथा “H” अटैचमेंट प्रोटीन को लक्षित करती हैं।
    • इससे वायरस को मेजबान कोशिकाओं में प्रवेश करने से रोका जा सकता है।
  • अनुसंधान पद्धति:
    • वैज्ञानिकों ने क्रायो-इलेक्ट्रॉन माइक्रोस्कोपी (Cryo-electron Microscopy) का उपयोग किया।
    • इससे एंटीबॉडी और वायरस के बीच अंतःक्रिया की विस्तृत त्रि-आयामी (3D) इमेजिंग संभव हुई।
  • प्रमुख निष्कर्ष:
    • एंटीबॉडी एक टीकाकृत महिला के रक्त से पृथक की गईं।
    • ये वायरस के संपर्क से पूर्व तथा बाद, दोनों स्थितियों में प्रभावी पाई गईं।
    • कृंतक (rodent) अध्ययनों में इनसे वायरल लोड में लगभग 500 गुना कमी दर्ज की गई।
  • उल्लेखनीय एंटीबॉडी: “3A12” नामक एंटीबॉडी ने परिसंचारी वायरस को लगभग अप्राप्य (Undetectable) बना दिया।
  • संभावित उपयोग:
    • यह खसरे के लिए संपर्क-पूर्व (Pre-exposure) अथवा संपर्क-पश्चात (Post-exposure) उपचार का पहला प्रभावी विकल्प बन सकती है।
    • विशेष रूप से कमजोर प्रतिरक्षा वाले व्यक्तियों तथा गैर-टीकाकृत बच्चों के लिए उपयोगी हो सकती है।
  • जन-स्वास्थ्य महत्त्व:
    • टीकाकरण के प्रति बढ़ती हिचकिचाहट और खसरे के प्रकोपों के बीच यह खोज अत्यंत महत्त्वपूर्ण मानी जा रही है।
    • यह उन आबादियों के लिए भी सहायक हो सकती है, जहां ‘हर्ड इम्यूनिटी’ (Herd Immunity) का पर्याप्त संरक्षण उपलब्ध नहीं है।

हर्ड इम्यूनिटी क्या है?

  • ‘हर्ड इम्यूनिटी’ (Herd Immunity) का अर्थ है कि जब किसी आबादी के पर्याप्त लोग किसी संक्रामक रोग के प्रति प्रतिरक्षित (immune) हो जाते हैं, तो वह रोग आसानी से फैल नहीं पाता और अप्रतिरक्षित लोग भी अप्रत्यक्ष रूप से सुरक्षित हो जाते हैं।