सेंटर फॉर डेवलपमेंट ऑफ टेलीमैटिक्स (C-DOT)
- 14 Feb 2026
13 फरवरी, 2026 को सेंटर फॉर डेवलपमेंट ऑफ टेलीमैटिक्स (C-DOT) और गांधीनगर स्थित राष्ट्रीय रक्षा विश्वविद्यालय (RRU) ने दूरसंचार तथा साइबर सुरक्षा में नवाचार को बढ़ावा देने के लिए एक समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए।
- नवाचार केंद्र की स्थापना: इस साझेदारी के तहत, संयुक्त अनुसंधान एवं प्रौद्योगिकी विकास को गति देने के लिए RRU परिसर में एक अत्याधुनिक “नवाचार-सह-अनुभव केंद्र” (Innovation-cum-Experience Centre) स्थापित किया जाएगा।
- अनुसंधान के प्रमुख क्षेत्र: यह केंद्र भविष्य की तकनीकों पर केंद्रित होगा।
- इसके प्रमुख आयामों में साइबर सुरक्षा, क्वांटम प्रौद्योगिकियाँ, कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) एवं मशीन लर्निंग (ML), इंटरनेट ऑफ थिंग्स (IoT), मशीन-टू-मशीन (M2M) सॉल्यूशन्स, 5G नेटवर्क तथा ‘मिशन-क्रिटिकल सेवाएं’ (Mission-Critical Services) शामिल हैं।
- कौशल विकास एवं प्रशिक्षण: यह केंद्र केवल शोध तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि उद्योग क्षेत्र की जरूरतों के अनुरूप एक ‘तैयार कार्यबल’ (Industry-ready Workforce) बनाने के लिए विशेष प्रशिक्षण, कौशल विकास एवं क्षमता-वर्धन के कार्यक्रम भी संचालित करेगा।
- आत्मनिर्भरता का लक्ष्य: इस पहल का मूल उद्देश्य दूरसंचार एवं साइबर सुरक्षा जैसे संवेदनशील क्षेत्रों में विदेशी निर्भरता को कम करना और भारत की “आत्मनिर्भर” नवाचार क्षमताओं को सुदृढ़ बनाना है।
सामयिक खबरें
सामयिक खबरें
सामयिक खबरें
राष्ट्रीय
- राजनीति और प्रशासन
- अवसंरचना
- आंतरिक सुरक्षा
- आदिवासियों से संबंधित मुद्दे
- कमजोर वर्गों के लिए कल्याणकारी योजनाएँ
- कार्यकारी और न्यायपालिका
- कार्यक्रम और योजनाएँ
- कृषि
- गरीबी और भूख
- जैवविविधता संरक्षण
- पर्यावरण
- पर्यावरण प्रदूषण, गिरावट और जलवायु परिवर्तन
- पारदर्शिता और जवाबदेही
- बैंकिंग व वित्त
- भारत को प्रभावित करने वाले द्विपक्षीय, क्षेत्रीय और वैश्विक समूह
- भारतीय अर्थव्यवस्था
- रक्षा और सुरक्षा
- राजव्यवस्था और शासन
- राजव्यवस्था और शासन
- रैंकिंग, रिपोर्ट, सर्वेक्षण और सूचकांक
- विज्ञान और प्रौद्योगिकी
- शिक्षा
- सरकार की नीतियां और हस्तक्षेप
- सांविधिक, विनियामक और अर्ध-न्यायिक निकाय
- स्वास्थ्य से संबंधित मुद्दे



