राष्ट्रीय मुद्रीकरण पाइपलाइन 2.0 का शुभारंभ
- 24 Feb 2026
23 फरवरी, 2026 को केंद्रीय वित्त मंत्री ने ‘राष्ट्रीय मुद्रीकरण पाइपलाइन 2.0’ [National Monetisation Pipeline (NMP) 2.0] का शुभारंभ किया।
- वित्त वर्ष 2026-2030 की अवधि के लिए तैयार इस योजना के तहत सरकारी संपत्तियों के मुद्रीकरण (Monetisation) के जरिए ₹16.72 लाख करोड़ जुटाने का महत्वाकांक्षी लक्ष्य रखा गया है।
मुख्य बिंदु
- लक्ष्य: NMP 2.0 का लक्ष्य पहले चरण (NMP 1.0) की तुलना में 2.6 गुना अधिक है। इसमें ₹5.8 लाख करोड़ का निजी क्षेत्र का निवेश भी शामिल है।
- NMP 1.0 के तहत निर्धारित ₹6 लाख करोड़ के लक्ष्य का लगभग 90% सफलतापूर्वक हासिल कर लिया गया है, जिसने इस दूसरे चरण के लिए एक मजबूत नींव तैयार की है।
- प्रमुख क्षेत्र: मुद्रीकरण के लिए सड़क एवं राजमार्ग (₹4.42 लाख करोड़), बिजली (₹2.76 लाख करोड़), रेलवे (₹2.62 लाख करोड़) और बंदरगाह (₹2.63 लाख करोड़) जैसे प्रमुख क्षेत्रों की पहचान की गई है।
- मुद्रीकरण के माध्यम: इसके लिए सार्वजनिक-निजी भागीदारी (PPP), इंफ्रास्ट्रक्चर इन्वेस्टमेंट ट्रस्ट्स (InvITs), कैश फ्लो का प्रतिभूतीकरण और रणनीतिक वाणिज्यिक नीलामी जैसे तरीकों का उपयोग किया जाएगा।
- निगरानी तंत्र: कैबिनेट सचिव की अध्यक्षता में सचिवों का एक सशक्त कोर समूह (CGAM) इस पूरी प्रक्रिया और इसकी प्रगति की निगरानी करेगा।
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