कोलन पॉलीप्स से आंत्र कैंसर का जोखिम

  • 16 Mar 2026

मार्च 2026 में किए गए एक अध्ययन में पाया गया कि यदि कोलन पॉलीप्स के दो प्रकार (एडेनोमा और सेरेटेड पॉलीप्स) एक साथ उपस्थित हों, तो आंत्र कैंसर (Colorectal Cancer) का जोखिम उल्लेखनीय रूप से बढ़ सकता है।

मुख्य बिंदु

  • अध्ययन के निष्कर्ष: जिन व्यक्तियों में एडेनोमा और सेरेटेड पॉलीप्स दोनों एक साथ उपस्थित होते हैं, उनमें आंत्र में उन्नत पूर्व-कैंसरकारी परिवर्तनों के विकसित होने का जोखिम 5 गुना तक अधिक हो सकता है।
  • आंत्र कैंसर: आंत्र कैंसर, जिसे कोलोरेक्टल कैंसर भी कहा जाता है, एक प्रमुख स्वास्थ्य समस्या है। यह सामान्यतः कोलन की आंतरिक परत पर विकसित होने वाले पॉलीप्स से उत्पन्न होता है।
  • कोलोनोस्कोपी डेटा विश्लेषण: अध्ययन में 8,400 से अधिक कोलोनोस्कोपी रिकार्डों का विश्लेषण किया गया।
  • संयुक्त पॉलीप्स के साथ उच्च जोखिम: जिन लोगों में दोनों प्रकार के पॉलीप्स एक साथ पाए गए, जिन्हें सिंक्रोनस लेशन्स (Synchronous Lesions) कहा जाता है तथा उनमें कैंसर पूर्व परिवर्तनों की संभावना अधिक पाई गई।
  • सामान्य सह-अस्तित्व: सेरेटेड पॉलीप्स वाले लगभग आधे रोगियों में एडेनोमा भी पाए गए।
  • अलग-अलग कैंसर मार्ग: शोधकर्ताओं के अनुसार, एडेनोमा और सेरेटेड पॉलीप्स कैंसर के दो अलग-अलग जैविक मार्ग का प्रतिनिधित्व कर सकते हैं।
  • तेज़ प्रगति: अध्ययन से संकेत मिलता है कि सेरेटेड पॉलीप्स, एडेनोमा की तुलना में अधिक तेजी से कैंसर में परिवर्तित हो सकते हैं।
  • प्रारंभिक पहचान का महत्व: निष्कर्ष बताते हैं कि नियमित कोलोनोस्कोपी स्क्रीनिंग के माध्यम से पॉलीप्स की शीघ्र पहचान और हटाने से कैंसर की रोकथाम संभव है।