प्रेगाबेलिन दवा पर सरकार की सख्ती, शेड्यूल H1 में हुई शामिल

  • 23 May 2026

मई 2026 में केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय (MoHFW) ने ‘प्रेगाबेलिन’ (Pregabalin) नामक औषधि को ड्रग्स रूल्स, 1945 के शेड्यूल H1 के अंतर्गत शामिल करने की अधिसूचना जारी की। यह गजट अधिसूचना दवा की बिक्री और वितरण पर नियंत्रण को अधिक सशक्त बनाने के उद्देश्य से जारी की गई।

मुख्य बिंदु

  • इस कदम का उद्देश्य दवा के दुरुपयोग, अवैध बिक्री तथा अनधिकृत पहुंच को रोकना है।
  • यह अधिसूचना 13 मई, 2026 की गजट अधिसूचना के माध्यम से जारी की गई, जिसे 20 मई, 2026 को गजट ऑफ इंडिया में प्रकाशित किया गया।
  • मंत्रालय ने कहा कि कई राज्यों ने विशेष रूप से युवाओं के बीच प्रेगाबेलिन के बढ़ते दुरुपयोग और नशे की लत की सूचना दी थी।
  • यह दवा सामान्यतः दीर्घकालिक दर्द, न्यूरोपैथी, फाइब्रोमायल्जिया तथा कुछ न्यूरोलॉजिकल विकारों के उपचार में प्रयुक्त होती है।
  • अधिकारियों ने बताया कि इस दवा का दुरुपयोग इसके शांतिदायक (sedative), उत्साहजनक (euphoric) तथा चेतना-विच्छेदनकारी (dissociative) प्रभावों के लिए किया जा रहा था।