भारत ने MIRV प्रणाली से लैस अग्नि मिसाइल का सफल परीक्षण किया

  • 11 May 2026

8 मई, 2026 को भारत ने ओडिशा स्थित एपीजे अब्दुल कलाम द्वीप से ‘मल्टीपल इंडिपेंडेंटली टार्गेटेबल री-एंट्री व्हीकल’ (MIRV) प्रौद्योगिकी से लैस उन्नत अग्नि मिसाइल का सफल उड़ान-परीक्षण किया।

मुख्य बिंदु

  • सफल मिसाइल परीक्षण: भारत ने ओडिशा तट के निकट MIRV क्षमता से युक्त उन्नत अग्नि मिसाइल का सफल उड़ान-परीक्षण किया।
  • MIRV प्रौद्योगिकी: मल्टीपल इंडिपेंडेंटली टार्गेटेबल री-एंट्री व्हीकल (MIRV) प्रणाली एक ही मिसाइल को विभिन्न लक्ष्यों के विरुद्ध अनेक वारहेड ले जाने और उन्हें स्वतंत्र रूप से तैनात करने में सक्षम बनाती है।
  • रणनीतिक क्षमता में वृद्धि: MIRV क्षमता भारत की रणनीतिक प्रतिरोधक क्षमता (Strategic Deterrence) तथा प्रहार के लचीलेपन क्षमता को उल्लेखनीय रूप से सुदृढ़ करती है।
  • बहु-पेलोड परीक्षण: मिसाइल का परीक्षण अनेक पेलोड्स के साथ किया गया, जिनका लक्ष्य भारतीय महासागर क्षेत्र में विस्तृत भौगोलिक क्षेत्रों में स्थित विभिन्न स्थान थे।
  • उन्नत लक्ष्यभेदन क्षमता: इस प्रणाली ने एक ही मिशन के दौरान विभिन्न स्थानों पर फैले लक्ष्यों को साधने की क्षमता का प्रदर्शन किया।
  • रक्षा तैयारियों को बल: इस सफल परीक्षण से भारत की लंबी दूरी की मिसाइल क्षमता तथा रणनीतिक रक्षा स्थिति और अधिक सुदृढ़ हुई है।
  • स्वदेशी विकास कार्यक्रम: अग्नि मिसाइल श्रृंखला भारत के स्वदेशी रणनीतिक मिसाइल कार्यक्रम का एक महत्त्वपूर्ण घटक है।
  • रणनीतिक महत्त्व: MIRV से लैस मिसाइलें उन्नत मिसाइल रक्षा प्रणालियों के विरुद्ध जीवित रहने (Survivability) तथा लक्ष्य भेदन क्षमता को बढ़ाती हैं।