तुशील

  • 08 Nov 2021

28 अक्टूबर, 2021 को 'पी 1135.6 श्रेणी' (P1135.6 class) के सातवें भारतीय नौसेना युद्धपोतको रूस के कालिनिनग्राड स्थित यानतर शिपयार्ड में लॉन्च किया गया।

महत्वपूर्ण तथ्य: रूस द्वारा प्रदत्त इस जहाज को औपचारिक रूप से 'तुशील' (Tushil) नाम दिया गया है। तुशील एक संस्कृत शब्द है, जिसका अर्थ ‘रक्षात्मक कवच’ होता है।

  • भारत और रूसी संघ की सरकारों के बीच समझौते के आधार पर ‘परियोजना 1135.6’ ( P1135.6) के तहत दो पोत रूस और दो पोत भारत में निर्मित किए जायेंगे। भारत में इन पोतों का निर्माण गोवा शिपयार्ड लिमिटेड में किया जायेगा।
  • दो पोतों के निर्माण हेतु रूस और भारत के बीच 18 अक्टूबर को हस्ताक्षर किये गये थे।
  • इन युद्धपोतों का निर्माण वायु, सतह और उप-सतह के तीनों आयामों में समुद्री जंग के पूरे स्पेक्ट्रम को कवर करने हेतु भारतीय नौसेना की विशिष्ट आवश्यकताओं पर आधारित है।
  • इन युद्धपोतों में ‘स्टेल्थ टेक्नोलॉजी’ (Stealth technology) होगी; जहाजों को भारत से प्राप्त प्रमुख उपकरणों से लैस किया जा रहा है, जैसे सहत से सतह पर मार करने वाली मिसाइल, सोनार प्रणाली, सतह की निगरानी करने वाले रडार, संचार-तंत्र और पनडुब्बी रोधी प्रणाली।